A employee of pharmacy shop selling intoxicants in jabalpur

18.07.2022
शहर स्थित एक फार्मा दुकान का कर्मचारी लाइफ सेविंग ड्रग्स और नशे में उपयोग होने वाली दवाइयों की चोरी कर क्लीनिक और दवा दुकानों में आधे दाम पर बेचता था। फार्मा संचालक की शिकायत पर ओमती पुलिस ने रविवार को आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया।पुलिस ने बताया कि आदर्श नगर, गोरखपुर निवासी विजय मंगवानी की सेंट नॉर्बट स्कूल के पास जनता टावर की पहली मंजिल पर विलीव फार्मा नाम से दवा दुकान है। पिछले एक साल से वहां कांचघर निवासी विवेक पटेल काम कर रहा था। वह दुकानों में दवा सप्लाई करने के साथ दवाइयां भी बेचता था। दुकान के स्टॉक में लगातार कमी होने और उन दवाइयों के बिल नहीं मिलने पर विजय मंगवानी ने सीसीटीवी फुटेज देखा तो पता चला कि विवेक ट्रैक सूट पहनकर दुकान से दवाइयां चोरी करता था। चोरी की गई दवाइयों की सूची का स्टॉक से मिलान करने पर पता चला कि 78 हजार 802 रुपए की दवाइयां गायब हैं।विजय मंगवानी ने विवेक से पूछताछ की तो उसने बताया कि वह हनुमानताल स्थित विनय मेडिको के कर्मचारी फैजल खान, मेडिसिन कॉम्प्लेक्स मॉडल रोड पर काम करने वाले यश साहू, रमन कनौजिया, होमसाइंस कॉलेज रोड स्थित थायरोकेयर क्लीनिक के कर्मचारी दीपक तिवारी, अनमोल फार्मा दवा बाजार में काम करने वाले आकाश साहू को प्रिंट रेट पर 50 प्रतिशत डिस्काउंट पर बेचता था। विवेक को आरोपी कर्मचारी दवाइयों की फोटो भी भेजते थे, जो विवेक के मोबाइल में मिलीं। इनमें से कई दवाइयां बेहोश करने और नशा देने वाली भी थीं।लाइफ सेविंग ड्रग्स और नशे के लिए उपयोग की जाने वाली दवाइयां चोरी कर बेचने वाले कांचघर निवासी विवेक पटेल उर्फ अक्षय के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया है। पुलिस टीम उसकी तलाश कर रही है। चोरी की दवाइयां खरीदने वालों से भी पूछताछ की जाएगी।

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In Bhopal’s major health center Jai Prakash Chikitsalaya (JP), 47 class III employees are in a state of illness.

06.06.2022
राजधानी का प्रमुख स्वास्थ्य केंद्र जेपी अस्पताल(JP Hospita) का एक चौथाई स्टाफ खुद बीमार है। इसका खुलासा पिछले दिनों कराई गई अस्पताल स्टाफ की मेडिकल जांच से हुआ है। हालांकि अभी अस्पताल के तृतीय-चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की ही जांच कराई है। ऐसे में लगभग 46% कर्मचारियों की जांच की गई है। बाकी स्टाफ की जांच के लिए अगले हफ्ते विशेष कैंप की तैयारी की जा रही है। इस दौरान अस्पताल के डॉक्टर, नर्सिंग, पैरामेडिकल, टेक्नीकल स्टाफ समेत बाकी चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों का चैकअप होगा, जो कर्मचारी बीमार मिले हैं उनका सही ढंग से इलाज कराने को कहा गया है। जेपी अस्पताल के 180 कर्मचारियों की जांच करने पर 47 बीमार पाए गए इनमें 25 बीपी के मिले।जिन कर्मचारियों की जांच हो गई हैं उनका डिजिटल रिकॉर्ड तैयार कराया जा रहा है। आगे जिन कर्मचारियों की जांच होंगी उनका प्रिंट उन्हें उपलब्ध कराया जाएगा, लेकिन इस पूरे रिकॉर्ड को डिजिटल रखकर एनएचएम की ओर से तैयार कराए जा रहे पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा। इसका फायदा यह होगा कि भविष्य में कोई कर्मचारी बीमार पड़ता है तो उसकी मेडिकल हिस्ट्री पोर्टल से एक क्लिक पर देश के किसी भी अस्पताल में आसानी से उपलब्ध हो जाएगी।
परिजनों का भी रहेगा रिकॉर्ड,जेपी अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि पहले चरण में अस्पताल के 386 कर्मचारियों की मेडिकल जांच कराकर उनका रिकॉर्ड एकत्रित करेंगे। दूसरे चरण में डॉक्टरों समेत तमाम कर्मचारियों के परिजनों को भी इस योजना से जोड़कर उनकी भी नि:शुल्क जांचें कराई जाएंगी। डिजिटल डाटा तैयार होने के बाद कर्मचारियों को आयुष्मान भारत योजना से भी जोड़ा जाएगा। ऐसे में बीमार होने पर नि:शुल्क उपचार मिलेगा। कर्मचारी अस्पताल से सांठगांठ कर झूठे मेडिकल बिल लगाकर छुट्टी लेते हैं लेकिन, योजना का लाभ मिलने पर यह संभव नहीं होगा।

On time salary is right of employee : High Court

डॉ. दीपक शर्मा का रिट पेटीशन पर राजस्थान हाई कोर्ट ने डिसीजन दिया कि प्रार्थी को उसकी बकाया सेलरी निर्धारित दिवस तक देय हो अथवा चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के सचिव खुद कोर्ट में उपस्थित हों | तबादले के बाद प्रार्थी को नौ महीने तक तनख्वाह नहीं दी गयी तो पहले तो उन्होंने सभी स्तरों पर संपर्क किया लेकिन कोई समाधान नहीं होने पर मजबूरन कोर्ट का दरवाजा खटखटाया और मिला त्वरित न्याय | यह फैसला बना नजीर | निर्धारित अवधि में सेलरी नहीं दिये जाने पर DDO को जेब से भरना पड़ सकता है उस राशी का ब्याज |

संलग्न – हाईकोर्ट का आदेश

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NOC for employees of Department of medical and health

राजस्थान चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा नियम 1963 के अन्तर्गत समस्त संवर्गों के चिकित्सकों द्वारा Higher study application / Interview / Examination/ Selection / Foreign visit आदि के प्रकरणों के समस्त No Objection Certificate राज्य सरकार स्तर से ही जारी किये जायेंगे | अनुमति लिए बिना उक्त कार्य करने पर कार्यवाही होगी |

ऑनलाइन अपने वोटर कार्ड की डीटेल कैसे प्राप्त करें ?

प्रदेश का कोई भी व्यक्ति अपनी सामान्य जानकारी हेतु अपनी वोटर कार्ड डीटेल्स जान सकता है |
Election Management System के तहत राज्य निर्वाचन आयोग भी राज्य के सभी सरकारी कार्मिकों का वोटर डाटाबेस इकट्टा कर रहा है जिसके लिए सभी कार्मिकों ने उनके वोटर कार्ड की प्रति मांगी जा रही है, अगर आपके पास अपने वोटर कार्ड की प्रति उपलब्ध नहीं है तो आप अपने इलाके की वोटर लिस्ट यहाँ से डाउनलोड करके अपना नाम खोजके पूरी डीटेल्स फटाफट प्राप्त कर सकते हैं |

Election Management System जहाँ सभी DDO को अपने स्टाफ का डाटा अपलोड करना है –
लिंक = http://ems.raj.nic.in/LoginContent/MidLogin.aspx

अपनी वोटर लिस्ट यहाँ से डाउनलोड करें – लिंक = http://164.100.153.10/electoralroll/rln

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No disciplinary action on government employees after having two kids in Rajasthan

जनसँख्या कटौती के लक्ष्य के तहत राजस्थान सरकार ने वर्ष 2001 में व्यवस्था की थी की सरकारी कार्मिकों के केवल दो संतान ही होनी चाहिए, इस से ज्यादा होने पर कार्मिकों पर अनुशासनात्मक कारवाई की जायेगी और दो से ज्यादा बच्चों वालों को सरकारी सेवा में नहीं लिया जा सकेगा | फिर दिनांक 11.05.2016 को सरकार ने इस नियम को विलोपित कर दिया, सो अब बच्चों की संख्या पर किसी तरह की पाबंदी नहीं है |

पत्र और स्पष्टीकरण संलग्न है –

How to know Employee ID of Rajasthan state goverment employees

राजस्थान सरकार के प्रत्येक कार्मिक को एक एम्प्लोयी आईडी उसके सेवा ज्वाइन करते ही जारी की जाती है और उसी से उसकी सेलरी बनती है !

तो कार्मिक कैसे जाने की उसकी एम्प्लोयी आईडी क्या है ?
एसएसओ में लोगिन करें https://sso.rajasthan.gov.in/

राजकाज में जावें
उपर दायें कोने में एम्प्लोयी सर्च आइकन पर जावें
जिस एम्प्लोयी की आईडी/एसएसओ या मोबाइल नंबर खोजना चाहते हैं उसका ऑफिस/विभाग सलेक्ट करें
सभी डिपार्टमेंट में खोजना चाहते हैं तो All पर जावें
एम्प्लोयी का नाम डालें
सर्च करें

फोटो संलग्न :-

How to get Employee ID and Password of Pay Manager

पे मैनेजर, राजस्थान के वित्त विभाग की वेबसाईट है जिस से सभी राजकीय कार्मिकों को सेलरी बनाई जाती है तथा कोई भी कार्मिक अपनी सेलरी स्लिप, वार्षिक सेलरी स्टेटमेंट (GA55) देख सकता है और डाउनलोड कर सकता है !
इसी वेबसाईट से ऑनलाइन टीए डीए मेडिक्लेम किया जा सकता है !
इस वेबसाइट के दो वेबपेज हैं –
पहला जो की केवल विभाग के लिए है = http://paymanager.raj.nic.in/
दूसरा जो की सबके लिए है (कार्मिक) = http://paymanager2.raj.nic.in/

अगर आपको अपनी एम्प्लोयी आईडी ही पता नहीं है तो यहाँ से जानें –

दुसरे पेज पर जानकर अपनी एम्प्लोयी आईडी और पासवर्ड डालें !

पासवर्ड क्या है ?

निम्न दो में से एक डाल कर देखें =

  • सेलरी बैंक अकाउंट के आखिरी चार अक्षर (last four digits of salary bank account)
  • जन्मतिथि DDMMYYYY (Date of birth in this format)

अब आप पे मैनेजर की सेवाओं का लाभ ले सकते हैं 🙂

अपना GA55 कैसे प्राप्त करें ? यहाँ से जानें –

How to verify mobile number in Pay Manager (with photo)

www.paymanager2.raj.nic.in पर जाकर करके अपनी employee id और password डालकर login करें

सबसे ऊपर बांयी ओर employee corner पर क्लिक करें
उसके पश्चात सबसे आखिरी ऑप्शन employee detail verify पर क्लिक करें!

अबआपको आपका gpf number (pre 2004 employees only) ,mail id, mobile number ,PAN , Aadhaar number दिखाई देंगे!

फिर नंबर अपडेट करें, उसके बाद generate otp कर लें, मोबाइल पर आये OTP को डालकर Submit करें !

आपको वैरिफिकेशन successful का मैसेज आयेगा और वैरिफिकेशन पूरा हो जायेगा।

# 2004 के बाद वाले कार्मिक GPF नम्बर के स्थान पर जीरो लिख दें (0) !

पे मैनेजर पर आपका एम्प्लोयी आईडी और पासवर्ड क्या है ? कैसे जानें ?

Calculate your salary and arrears  (Rajasthan)

See your salary and arrears here

Finance Department link

Still testing mode so don’t get panic.